: सीताराम नाम महायज्ञ में शामिल हुए शिवपाल यादव , किया शुभारंभ
Wed, Mar 22, 2023
महायज्ञ को विश्व कल्याण के लिए जारी रहेगा: महंत परशुराम दास
समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय महासचिव शिवपाल यादव ने नौ दिवसीय श्री सीताराम नाम महायज्ञ का किया शुभारंभ,दर्शन पूजन कर लिया संतों का आशीर्वाद
महायज्ञ में डाली जायेगी प्रतिदिन 21000 आहुतियां
अयोध्या। चैत्रराम नवमी के अवसर पर सिद्ध पीठ संकट मोचन हनुमान किला में बुधवार से नौ दिवसीय श्री सीताराम नाम महायज्ञ का शुभारंभ हो गया। महायज्ञ के पहले दिन कलश यात्रा के उपरांत वेदी पूजन मंडप प्रवेश वह पंचांग पूजन किया गया। अरणी मंथन से गुरुवार को यज्ञ कुंड में अग्नि देव का प्रकाटोत्सव होगा और आहुतियां डाली जाएगी। इस महायज्ञ के आयोजक महंत परशुराम दास ने बताया कि परम पूज्य बर्फानी दादा आशीर्वाद से राम मंदिर निर्माण की बाधाओं को दूर करने के संकल्प के साथ शुरू हुए महायज्ञ को विश्व कल्याण के लिए जारी रखा गया है।
12 वर्षों से जन्मोत्सव पर चल रहे श्री सीताराम नाम महायज्ञ में समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय महासचिव शिवपाल यादव हुए सम्मिलित होकर दर्शन पूजन किये व आरती की। महायज्ञ में प्रतिदिन डाली जाएंगी 21000 आहुतियां। महायज्ञ के साथ प्रतिदिन अन्य क्षेत्र और विशाल भंडारे का होगा आयोजन जिसमें अयोध्या में आने वाले श्रद्धालु पा सकेंगे प्रसाद। इस महायज्ञ में श्री राम कथा मर्मज्ञ चंद्रांशु जी महाराज, महंत विनोद दास महंत आंनद दास,सपा के पूर्व मंत्री आनंद सेन यादव, डॉ एम पी यादव , सपा के वरिष्ठ नेता मनोज जयसवाल, श्री चन्द्र यादव धर्मवीर वर्मा मंसाराम वर्मा ललित यादव सहित सैकड़ों लोग हुए सम्मिलित।
: रामकथा श्रवण करने मात्र से जन्म जन्मांतर के पाप खत्म हो जाते है: शीतल जी
Wed, Mar 22, 2023
राम जन्मोत्सव का हुआ आगाज, रामकथाओं से गुलजार हुई रामनगरी
रामकृष्ण मंदिर में महंत शीतल दासी जी कह रही रामकथा, देखरेख महामंडलेश्वर गणेशानंद कर रहें
अयोध्या। रामनगरी का ऐतिहासिक मेला चैत्र रामनवमी आज से शुरू हो गया। रामनगरी के मठ मंदिर अपने आराध्य के जन्म महोत्सव का आनंद लेने के लिए तैयार है। मंदिरों में चारों तरह मंगल ध्वनि मे भगवान राम के चरित्र का गुणगान व नवाह्न पारायण पाठ का शुभारंभ हो गया।
रामकोट के रामकृष्ण मंदिर में महंत शीतल दास जी के श्रीमुख से रामकथा की अमृत वर्षा हो रही है। कथा का संयोजन महामंडलेश्वर गणेशानंद जी ने किया। कथा के क्रम को आगे बढ़ाते हुए महंत शीतल जी ने कहा कि रामकथा श्रवण करने मात्र से जन्म जन्मांतर के पाप खत्म हो जाते है। उन्होंने कहा कि हम सभी सौभाग्यशाली है कि इस पवित्र भूमि पर भगवान की महिमा चरित्र का गुणगान सुनने का शुभ अवसर मिला है।
: राम जन्मोत्सव का हुआ आगाज, दशरथ राजमहल में श्रीराम कथा का हुआ शुभारंभ
Wed, Mar 22, 2023
चक्रवर्ती सम्राट दशरथ जी के राज महल बड़ा स्थान में राम जन्मोत्सव पर रामकथा महोत्सव का हुआ शुभारंभ
विंदुगाद्याचार्य महान्त श्रीदेवेन्द्रप्रसादाचार्य जी महाराज के अध्यक्षता व मंगल भवन पीठाधीश्वर महंत कृपालु रामभूषण दास के संयोजन में मनाया जा रहा उत्सव
अयोध्या। रामनगरी का ऐतिहासिक मेला चैत्र रामनवमी आज से शुरू हो गया। रामनगरी के मठ मंदिर अपने आराध्य के जन्म महोत्सव का आनंद लेने के लिए तैयार है। मंदिरों में चारों तरह मंगल ध्वनि मे भगवान राम के चरित्र का गुणगान व नवाह्न पारायण पाठ का शुभारंभ हो गया।
श्रीराम लला के जन्मोत्सव पर चक्रवर्ती सम्राट दशरथ जी के राजमहल में बड़ा स्थान में बिंदुगाद्याचार्य स्वामी देवेंद्रप्रसादाचार्य जी महाराज के सानिध्य नौ दिवसीय श्रीराम कथा का हुआ शुभारंभ। कथा के प्रथम दिवस की बेला में व्यासपीठ से श्री राम कथा के सरस प्रवक्ता श्री सत्यम पीठाधीश्वर नरसिंह दास भक्तमाली ने प्रभु श्री राम के नाम की महिमा और उनके चरित्र का वर्णन करते हुए कहा कि श्रीराम जी का चरित्र ,जीवन में संयम से प्रारंभ होता है और समाज में संयम धारण करने का संदेश देता है और प्रभु के श्री श्री राम जप से ही मनुष्य भवसागर से पार हो जाता है और प्रभु के धाम में उनकी शरणागति प्राप्त होती है।
कथा के शुभारंभ में स्वामी देवेंद्रप्रसादाचार्य महाराज ने आरती उतारी और कहां कि प्रभु श्री राम की लीला श्रवण से ही मनुष्य ही नहीं चराचर ब्रह्म में विराजमान सभी लोग मुक्त हो जाते हैं और कथा उनके चित्त को निर्मल कर देती है इसलिए भगवान के जन्मोत्सव पर तो उनके लीलाओं का गुणगान अवश्य ही सभी को कथा में सुननी चाहिए जिससे उसका जीवन धन्य हो जाए। इस अवसर पर कथा श्रवण के लिए पधारे सभी संतो महंतों अतिथियों का श्री महाराज जी के कृपापात्र शिष्य मंगल भवन पीठाधीश्वर महंत कृपालु राम भूषण दास ने स्वागत किया। श्री राम कथा के विश्राम बेला पर रामायण जी की आरती उतारी गई और प्रसाद वितरण किया गया। इस अवसर पर दिगंबर अखाड़ा महंत सुरेश दास,नव्य न्यायाचार्य तुलसी दास महाराज, रामायणी महंत रामशरण दास, करुणा निधान भवन के महंत राम जी दास सहित कई विद्वानों ने अपने विचार व्यक्त किए। इस अवसर पर नंदकुमार मिश्र पेड़ा महाराज,संत दास सहित सैकड़ों संत महंत उपस्थित रहे।