: राम की पैड़ी पर 4000 महिलाओं ने किया दुखदुरिया माता का पूजन
Thu, Jan 18, 2024
रामलला की प्राण प्रतिष्ठा सकुशल संपन्न हो और पूरे विश्व में सुख शांति हो सनातन धर्म का परचम लहरा इस उद्देश्य से माता का किया पूजन अर्चन
अयोध्या। पूरे 1 वर्ष में चार नवरात्रों पढ़ते हैं दो नवरात्र सभी को मालूम है और दो गुप्त नवरात्र होते हैं उसमें से एक गुप्त नवरात्र पौष मास के शुक्ल पक्ष में पड़ता है जिसे शाकंभरी नवरात्र कहते हैं और इस नवरात्र के प्रथम दिन बृहस्पतिवार को प्राण प्रतिष्ठा के पावन अवसर पर श्री राम जन्मभूमि परिसर में प्रभु श्री राम लला की प्राण प्रतिष्ठा हर्षोल्लास के साथ संपन्न हो इसके लिए अयोध्या के महापौर तीन कलसा तिवारी मंदिर के महंत गिरीश पति त्रिपाठी की धर्मपत्नी अयोध्या नगर निगम की प्रथम महिला समाज सेविका वशिष्ठ फाउंडेशन की सचिव राजलक्ष्मी त्रिपाठी के संयोजन में राम की पैड़ी पर 4000 महिलाओं ने एक साथ अवसान मैया अर्थात दुखदुरिया माता का पूजन रामलला की प्राण प्रतिष्ठा सकुशल संपन्न हो और पूरे विश्व में सुख शांति हो सनातन धर्म का परचम लहरा इस उद्देश्य से माता का पूजन अर्चन किया।
अयोध्या धाम में महिलाओं का यह कार्यक्रम वशिष्ठ फाउंडेशन शैक्षिक एवं सामाजिक वेलफेयर ट्रस्ट के तत्वावधान किया गया जिसमें 15-15 की टोली में 251 समूह में 4000 महिलाओं ने मैया का एक साथ विधि विधान पूर्वक पूजन किया। कार्यक्रम का शुभारंभ तीन कलसा तिवारी मंदिर के महंत अयोध्या नगर निगम के महापौर महंत गिरीश पति त्रिपाठी ने किया और कहा कि हमारे सनातन धर्म में अवसान माता की पूजन का बड़ा विधान है और ऐसा मानना है की माता से जो भी कामना की जाती है वह पूर्ण होती है यहां उपस्थित सभी बहनों ने विश्व शांति की प्रार्थना की रामला के लिए यह पूजा आयोजन की गई इससे बड़ी खुशी और क्या हो सकती है। उत्तर प्रदेश के उपमुख्यमंत्री बृजेश पाठक की पत्नी नम्रता पाठक ने इस कार्यक्रम में सहभागी बनी माता का पूजन किया और कहा कि हम सभी भारतवासियों के लिए 22 जनवरी सबसे बड़ा दिन है हम सभी की मनोकामना पूर्ण हो रही है प्रभु श्री राम भव्य मंदिर में विराजमान हो रहे है इस अवसर पर हम बहनों ने अवसान माता की पूजा कर सुख समृद्धि और शांति की कामना की।कार्यक्रम की संयोजक राजलक्ष्मी त्रिपाठी ने सभी बहनों का आभार व्यक्त किया और कहा की सभी ने एक साथ मां सरयू के पावन तट पर राम की पहली पर उपस्थित हुई रामलला के लिए माता की पूजा की हम सभी आज से ही 22 जनवरी का बेसब्री से इंतजार कर रहे हैं जब प्रभु अपने मंदिर में विराजमान हो जाएंगे और हम सब बहाने उनका दर्शन पूजन करेंगे नए भव्य मंदिर में। इस अवसर पर जिला पंचायत अध्यक्ष श्रीमती रोली सिंह, श्रीमती आभा सिंह, सीमा तिवारी, सरिता सिंह, आंचल मिश्रा, रूबी पोद्दार, सुभाषनी अवस्थी, पूर्व पार्षद बिंदु सिंह, प्रियंका अवस्थी, अमिता अवस्थी, कुसुम यादव, प्रीति पाठक, नेहा मौर्या, नीलम चौधरी, सीमा गौतम, प्रेरणा त्रिपाठी, रंजना शुक्ला, रूपम गुप्ता, सपना गुप्ता, स्वाति पांडे, गार्गी त्रिपाठी आदि हजारों महिलाएं उपस्थिति रही।
: गर्भगृह में विराजित हुई रामलला की नई प्रतिमा
Thu, Jan 18, 2024
प्राण प्रतिष्ठा के बाद ही मिल सकेंगे दर्शन
अयोध्या। भव्य राम मंदिर के गर्भगृह में रामलला की नई प्रतिमा विराजित हो गई है। हालांकि इसे अभी देखा नहीं सकेगा। 22 जनवरी को प्रतिमा की प्राण प्रतिष्ठा हो जाने के बाद ही उस दिव्य और विराट मूर्ति के दर्शन हो सकेंगे। बुधवार को देर शाम वह प्रतिमा मंदिर परिसर लाई गई थी। रामलला की प्राण प्रतिष्ठा का विधिवत कर्मकांड गुरुवार को गणेश पूजन के साथ शुरू हो गया है। शुभ मुहूर्त में दोपहर 1ः20 बजे गणेश पूजन के साथ प्राण प्रतिष्ठा के पूजन की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। वहीं बुधवार को रामजन्मभूमि परिसर पहुंचे रामलला को अपने आसन पर विराजमान कर दिया गया है। गर्भगृह में कमल की आकृति वाले संगमरमर के सिंहासन पर रामलला की अचल मूर्ति को वैदिक आचार्यों ने विधिविधान पूर्वक विराजित कर दिया है। पूजन के क्रम में सबसे पहले गणेश अंबिका पूजन फिर वरुणपूजन, चतुर्वेदोक्त पुण्याहवाचन, मातृकापूजन, वसोर्धारापूजन (सप्त घृत मातृका पूजन) हुआ। इसके बाद आयुष्य मंत्रजप, नांदीश्राद्ध, आचार्यादिचऋत्विग्वरण, मधुपर्कपूजन हुआ। इसके बाद पूजन के लिए बनाए गए मंडपों की पूजा की गई। इसके लिए मंडपप्रवेश, पृथ्वी- कूर्म- अनंत- वराह-यज्ञभूमि-पूजन, दिग्ररक्षण, पञ्चगव्य - प्रोक्षण, मंडपाङ्ग की विधि पूरी की गई। इसके साथ ही वास्तुपूजन, वास्तु बलिदान, मंडप सूत्रवेष्टन, दुग्ध- धारा, जलधाराकरण की प्रक्रिया संपन्न कराई गई। इसके बाद षोडशस्तंभ पूजन व मंडपपूजा के क्रम में मंदिर के तोरण, द्वार, ध्वज, आयुध, पताका, दिक्पाल, द्वारपाल की पूजा की गई। इसके बाद रामलला की अचल मूर्ति का जलाधि वास,गंधाधिवास कराया गया है। शाम को पहली बार अचल मूर्ति की आरती भी वैदिक आचार्यों ने उतारी है। मुख्य यजमान डॉ़ अनिल मिश्र ने पहले दिन की पूजन प्रक्रिया संपन्न कराई। पूजन के दौरान श्रीरामजन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के महासचिव चंपत राय भी मौजूद रहे।
: जैन मंदिर में रामभक्तों के लिए भण्डारा चल रहा है
Thu, Jan 18, 2024
प्राण प्रतिष्ठा के अवसर पर वात्सल्य भोज का आयोजन
अयोध्या। श्री भगवान ऋषभदेव जन्मभूमि दिगम्बर जैन मन्दिर रायगंज में 15 फरवरी से 24 फरवरी तक भगवान राम के प्राण प्रतिष्ठा कार्यक्रम के अन्तर्गत जैन समाज के द्वारा प्राण प्रतिष्ठा कार्यक्रम में आए हुए समस्त भक्तगणों के लिए प्रातः 11 बजे से लेकर सायं 4 बजे तक भण्डारे का आयोजन हो रहा है। जिसमें सभी प्रकार के भक्तगण आकर के वात्सल्य भोजन ग्रहण कर रहे हैं। इस मध्य में लगभग 2 हजार से लेकर 5 हजार तक के भक्तगणों के लिए भोजन की व्यवस्था है। इस अवसर पर अनेक प्रांतों, नगरों व गाँवों से लोग पधार रहे हैं। राम मन्दिर प्राण प्रतिष्ठा में आने वाले भक्तों अत्याधिक उत्साह कार्यक्रम के प्रति दिख रहा है जिसमें सभी सम्प्रदाय के लोग उत्साह पूर्वक पधार रहे हैं।
अयोध्या तीर्थ कमेटी के मंत्री विजय कुमार ने बताया है कि प्रतिदिन 5 हजार लोगों के भोजन की व्यवस्था कमेटी की ओर से की गई है जिसमें पूडी, हलवा, चावल, कढ़ी आदि की गर्मागरम भोजन की व्यवस्था की गई है। इस कड़कती सर्दी में लोगों को स्वादिष्ट एवं गरमा गरम भोजन का आनन्द आ रहा है। प्रत्येक भोजन करने वाला अपने आप में तृप्त हो रहा है। पीठाधीश स्वस्तिश्री रवीन्द्रकीर्ति स्वामीजी के कुशल नेतृत्व में यह कार्यक्रम चल रहा है एवं परमपूज्य गणिनीप्रमुख श्री ज्ञानमती माताजी, प्रज्ञाश्रमणी आर्यिका चंदनामती माताजी रायगंज दिगम्बर जैन मन्दिर में विराजमान हैं। प्राण प्रतिष्ठा कार्यक्रम में कमेटी के 6 पदाधिकारियों को निमंत्रण प्राप्त हुआ है जो 22 जनवरी को कार्यक्रम में सम्मिलित होंगे एवं जैन समाज की ओर से प्राण प्रतिष्ठा कार्यक्रम के लिए बहुत-बहुत शुभकामनाएँ हैं। इस मंगलमयी कार्यक्रम अनेक प्रांतों से जैन श्रद्धालु आदि सम्मिलित हो रहे हैं। जिनकी सूचना प्रतिदिन प्राप्त हो रही है।