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: अहिल्या उद्धार, नगर दर्शन व फुलवारी लीला का रोमांचक मंचन

बमबम यादव

Thu, Oct 3, 2024

श्री भगवताचार्य स्मारक सदन में आज  मिथिला नगरी में बनी पुष्प वाटिका अपनी अनोखी छठा बिखेर रही थी, गौरा मंदिर और अहिल्या उद्धार के निराले दृश्यों ने दर्शकों का मन मोह लिया

अयोध्या।श्री भगवताचार्य स्मारक सदन में अवध आदर्श रामलीला मंडल पत्थर मंदिर द्धारा आयोजित संत श्री तुलसीदास रामलीला न्यास के तत्वावधान में श्री रामलीला के तीसरे दिन रामलीला मंचन में अहिल्या उद्धार व जनकपुर में पुष्प फुलवारी लीला का कलाकारों की ओर से बेहतरीन मंचन किया गया। जिसे देख दर्शक भावविभोर हो गए। समिति के महामंत्री संकट मोचन सेना अध्यक्ष महंत संजय दास जी महाराज ने बताया कि बुधवार की रात  श्री भगवताचार्य स्मारक सदन की रामलीला में जब प्रभु श्रीराम छोटे भाई लक्ष्मण के साथ जंगल से गुजर रहे थे, तभी उन्हें मार्ग में बड़ी शिला दिखाई दी।

प्रभु के पूछने पर गुरु विश्वामित्र ने बताया कि भगवन इस शिला को आपकी कृपा का इंतजार है। कृपादृष्टि होने पर श्राप से शिला बनकर खड़ी अहिल्या का उद्धार हो जाएगा। तभी श्रीराम के पैर से स्पर्श होते ही शिला अहिल्या के रूप में बदल जाती है। जनकपुरी के लोग श्रीराम और लक्ष्मण की छवि देखकर मोहित हो जाते हैं और आपस में कहते हैं की यह किस देश के सुंदर राजकुमार हैं। श्रीराम ने जनकपुर की फुलवारी का भ्रमण किया। मंच सहित पूरे लीला परिसर की भव्य सजावट की गई थी।

गुरु विश्वामित्र श्रीराम को आज्ञा देते हैं कि जाओ राम और पूजा के लिए वाटिका से फूल तोड़ लाओ। फूल लेने जाते समय प्रभु श्रीराम की भेंट माता सीता से होती है। उन्होंने पति के रूप में पाने के लिए मां गौरी का पूजन किया। श्री तुलसीदास रामलीला न्यास के व्यवस्थापक श्री हनुमानगढ़ी के वरिष्ठ पुजारी हेमंत दास महाराज ने कहा कि भगवान श्री राम ने हमेशा मर्यादा का पालन किया। इसलिए उन्हें मर्यादा पुरुषोत्तम श्री राम कहते हैं। एक आदर्श जीवन जीने के लिए भगवान श्री राम के रास्ते पर चलना होगा।

समिति के कोषाध्यक्ष बड़ा भक्त माल मंदिर के पीठाधीश्वर महंत अववेश दास महाराज ने आयें हुए अतिथियों का स्वागत किया।अवध आदर्श रामलीला मंडल पत्थर मंदिर के अध्यक्ष महंत दास ने सभी का धन्यवाद ज्ञापित किया।लीला में प्रमुख रूप से जगद्गुरु रामानुजाचार्य डॉ राघवाचार्य जी महराज, लीला कमेटी के कार्यकारी अध्यक्ष रसिक पीठाधीश्वर श्रीमहंत जन्मेजय शरण जी महाराज,कोषाध्यक्ष भक्तमाल पीठाधीश्वर श्रीमहंत अवधेश कुमार दास महाराज, महामंत्री महंत संजय दास महाराज, उपाध्यक्ष नागा राम लखन दास महाराज, महापौर महंत गिरीश पति त्रिपाठी,  वरिष्ठ पुजारी हेमंत दास महाराज,शिवम श्रीवास्तव सहित बड़ी संख्या में साधु संत आमजन मौजूद रहे।

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