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: रामलला सदन देवस्थानम में कृष्ण जन्मोत्सव बड़ी धूमधाम से मनाया

बमबम यादव

Tue, Aug 29, 2023

जिनके कर्म श्रेष्ट होते है वो संसार को सुंदर बनाते है: डा राघवाचार्य

अयोध्या। रामलला सदन देवस्थानम पर आयोजित श्रीमद् भागवत कथा महोत्सव का उल्लास अपने चरम पर है। व्यासपीठ से कथा की अमृत वर्षा प्रख्यात कथावाचक रामलला सदन देवस्थानम पीठाधीश्वर जगद्गुरू रामानुजाचार्य स्वामी डा राघवाचार्य जी महाराज कर रहे है। कथा के चतुर्थ दिवस स्वामी जी ने प्रभु के वामन अवतार के वृतांत का विस्तार पूर्वक वर्णन भक्तों को करवाया एवं कृष्ण जन्मोत्सव को बड़ी धूमधाम से मनाया।कथा के चौथे दिन संत साधकों ने महाराज जी के श्रीमुख से कथा का श्रवण किया। भागवत कथा के चतुर्थ दिवस की शुरुआत भागवत आरती के साथ की गई।जिनके कर्म श्रेष्ट होते है वो संसार को सुंदर बनाते है। स्वामी डा राघवाचार्य जी ने कथा प्रसंग का वृतांत सुनाते हुए बताया कि वामन अवतार भगवान विष्णु के दशावतारो में पांचवा अवतार और मानव रूप में अवतार था। जिसमें भगवान विष्णु ने एक वामन के रूप में इंद्र की रक्षा के लिए धरती पर अवतार लिया। वामन अवतार की कहानी असुर राजा महाबली से प्रारम्भ होती है। महाबली प्रहलाद का पौत्र और विरोचना का पुत्र था। महाबली एक महान शासक था जिसे उसकी प्रजा बहुत स्नेह करती थी। उसके राज्य में प्रजा बहुत खुश और समृद्ध थी। उसको उसके पितामह प्रहलाद और गुरु शुक्राचार्य ने वेदों का ज्ञान दिया था। इसके बाद पूज्य महाराज श्री के सानिध्य में सभी भक्तों ने श्री कृष्ण जन्मोत्सव को बड़ी धूमधाम से मनाया। श्रीमद् भागवत कथा के पंचम दिवस पर भगवान कृष्ण की बाललीला गोवर्धन पूजा छप्पन भोग का वृतांत सुनाया जाएगा। मंदिर में भगवान का पवित्रोत्सव व झूलनोत्सव बड़े ही धूमधाम के साथ मनाया जा रहा है। इस मौके पर रामलला सदन देवस्थानम के संत साधक व शिष्य परिकर मौजूद रहें।

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