: लक्ष्मणकिला में मनाया गया अन्नकूट महोत्सव, लगा छप्पन भोग
Fri, Oct 28, 2022
पारंपरिक उत्सव के रुप में मना अन्नकूट का पर्व, कचौड़ी, मालपुआ, चूरमा, कढी, दाल, खीर आदि के लगे छप्पन भोग
अयोध्या। लंका विजय कर लौटे भगवान राम की याद में सोमवार की सायं दीपोत्सव के बाद मंगलवार को सूर्य ग्रहण पढ़ने की वजह से अयोध्या के मंदिरों के कपाट बंद रहे। अगले दिन बुधवार व गुरुवार को धूमधाम से अन्नकूट महोत्सव मनाया गया। भगवान को सभी मठ-मंदिरों में 56 प्रकार के व्यंजनों का भोग लगाया गया। इस दौरान भक्तों की भीड़ और जय-जयकार से रामनगरी का उत्साह चरम पर रहा। मान्यता है कि 14 साल वनवास और लंका विजय दौरान भगवान राजकीय सुख-सुविधा से सर्वथा दूर रहे, इसलिए अयोध्या आने पर उन्हें वैभव प्रदान करने में कोई कसर न छोड़ी जाय। इसी भाव के अनुरूप रामनगरी के हजारों मठ-मंदिरों में भगवान को 56 प्रकार के व्यंजनों का भोग लगाया गया। इस बीच न केवल भगवान राम, माता सीता समेत चारों भाइयों को भोग लगाने में पूरा भाव व समर्पण अर्पित किया गया बल्कि भोग के बाद प्रसाद ग्रहण करने में भी उत्सव का माहौल रहा। तकरीबन सभी मंदिर भोज-भंडारे के उत्सव से आप्लावित रहे। उत्सव में दूरदराज से आने वाले भक्तों सहित स्थानीय श्रद्धालुओं ने पूरी शिद्दत से शिरकत की।
आचार्य पीठ श्री लक्ष्मणकिला में किलाधीश महंत मैथलीरमण शरण महाराज के संयोजन में भव्य दिव्य अन्नकूट महोत्सव मनाया गया। महंत मैथलीरमण शरण कहते है कि यह परिदृश्य स्वाभाविक है, निश्चित रूप से भगवान के वन गमन के दौरान अयोध्या पूरे समय व्यथित रही होगी और भगवान जब पूरी कामयाबी से लौटे तो उनके स्वागत-सत्कार के बाद चैन की वंशी बजनी ही थी। आये हुए अतिथियों का स्वागत हनुमत निवास के महंत डा मिथलेश नन्दनी शरण व लक्ष्मणकिला के युवा संत सूर्य प्रकाश शरण ने किया। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में संत साधक व शिष्य परिकर मौजूद रहें।
: श्री धर्महरि चित्रगुप्त मंदिर में महापौर ने किया पूजन हवन
Fri, Oct 28, 2022
भगवान चित्रगुप्त का हुआ दुग्ध अभिषेक के साथ सामूहिक कलम दवात का पूजन एवं प्रसाद वितरण
अयोध्या। श्रीधर्महरि चित्रगुप्त मंदिर अयोध्या धाम में मंदिर का मुख्य आयोजन कलम दवाद का पूजन हुआ। सुबह 10 बजे से भगवान श्री चित्रगुप्त जी का दुग्ध अभिषेक तदुपरांत सामूहिक कलम दवात का पूजन एवं प्रसाद वितरण हुआ। कार्यक्रम में सम्मिलित हुए अयोध्या के महापौर ऋषिकेश उपाध्याय एवं समाज के विभिन्न वर्गों से अधिक संख्या में लोग दर्शनार्थ उपस्थिति रहे।अयोध्या में कल्पवास करने वाले कल्प वासियों द्वारा सुबह 7 बजे से ही दीपदान का अनवरत क्रम देर रात तक चलता रहा एवं अयोध्या नगर के कई गणमान्य लोग भी दर्शन हेतु उपस्थिति रहे। इस अवसर की व्यवस्था हेतु श्री धर्म हरि चित्रगुप्त मंदिर की संस्था कायस्थ धर्म सभा के अध्यक्ष सतीश सहाय, अवध क्षेत्र भाजपा के क्षेत्रीय मंत्री कमलेश श्रीवास्तव,विश्वदीपक ,सत्येंद्र, हरिमोहन, सुशील,चंद्रकांत, संजीव वर्मा दिव्यांश ओम भास्कर महिला अध्यक्ष श्रीमती पल्लवी वर्मा,शिप्रा आदि पदाधिकारी गण ने अपना बहुमूल्य समय मंदिर की सेवा में दिया।
: रामनगरी में मनाया गया अन्नकूट महोत्सव, लगा छप्पन भोग
Thu, Oct 27, 2022
भगवान राम के लंका विजय कर लौटने की खुशी में दीपावली के दूसरे दिन सूर्य ग्रहण की वजह से बुधवार को मना पारंपरिक उत्सव के रुप में अन्नकूट का पर्व
प्रसिद्ध पीठ हनुमान बाग मंदिर में कचौड़ी, मालपुआ, चूरमा, कढी, दाल, खीर आदि के लगे छप्पन भोग
अयोध्या। लंका विजय कर लौटे भगवान राम की याद में सोमवार की सायं दीपोत्सव के बाद मंगलवार को सूर्य ग्रहण पढ़ने की वजह से अयोध्या के मंदिरों के कपाट बंद रहे। अगले दिन बुधवार को धूमधाम से अन्नकूट महोत्सव मनाया गया। भगवान को सभी मठ-मंदिरों में 56 प्रकार के व्यंजनों का भोग लगाया गया। इस दौरान भक्तों की भीड़ और जय-जयकार से रामनगरी का उत्साह चरम पर रहा। मान्यता है कि 14 साल वनवास और लंका विजय दौरान भगवान राजकीय सुख-सुविधा से सर्वथा दूर रहे, इसलिए अयोध्या आने पर उन्हें वैभव प्रदान करने में कोई कसर न छोड़ी जाय। इसी भाव के अनुरूप रामनगरी के हजारों मठ-मंदिरों में भगवान को 56 प्रकार के व्यंजनों का भोग लगाया गया। इस बीच न केवल भगवान राम, माता सीता समेत चारों भाइयों को भोग लगाने में पूरा भाव व समर्पण अर्पित किया गया बल्कि भोग के बाद प्रसाद ग्रहण करने में भी उत्सव का माहौल रहा। तकरीबन सभी मंदिर भोज-भंडारे के उत्सव से आप्लावित रहे। उत्सव में दूरदराज से आने वाले भक्तों सहित स्थानीय श्रद्धालुओं ने पूरी शिद्दत से शिरकत की।
जिसमें सुबह से ही कनक भवन,जानकी महल ट्रस्ट,हनुमान बाग, रामलला सदन, हनुमानगढ़ी, झुनकी घाट, करतलिया बाबा आश्रम सहित सभी मंदिरों में छप्पन प्रकार के व्यंजन बनाये गए ,जिनकी महक से नगरी का वातावरण सुवासित हो उठा। प्रथम आरती के बाद भगवान को व्यंजनों का भोग लगाकर प्रसाद भक्तों में वितरित किया गया।अन्नकूट महोत्सव में प्रसाद पाने के लिए देश-विदेश के क्षेत्रों से आये श्रद्धालु पंक्ति बद्ध देखे गए। रामनगरी का प्रसिद्ध पीठ हनुमान बाग में महंत जगदीश दास के संयोजन में भव्य दिव्य अन्नकूट महोत्सव मनाया गया। महंत जगदीश दास कहते है कि यह परिदृश्य स्वाभाविक है, निश्चित रूप से भगवान के वन गमन के दौरान अयोध्या पूरे समय व्यथित रही होगी और भगवान जब पूरी कामयाबी से लौटे तो उनके स्वागत-सत्कार के बाद चैन की वंशी बजनी ही थी। कार्यक्रम में शामिल होने पूर्व मंत्री तेजनारायण पाण्डेय पवन, बसपा नेता करुणाकर पाण्डेय, भाजपा नेता छोटे मिश्रा महंत मामा दास मौजूद रहें व्यवस्था में सुनील दास व रोहित शास्त्री लगे रहें।